Tuesday, February 20, 2018

Breaking News

   98 साल की उम्र में MA करने वाले राज कुमार का संदेश, कहा-हमेशा कोशिश करते रहें     ||   मुंबई स्टॉक एक्सचेंज ने पार किया 34000 का आंकड़ा, ऑफिस में जश्न का माहौल     ||   पं. बंगाल: मालदा से 2 लाख रुपये के फर्जी नोट बरामद, एक गिरफ्तार    ||   सेक्स रैकेट का भंड़ाभोड़: दिल्ली की लेडी डॉन सोनू पंजाबन अरेस्ट    ||   रूपाणी कैबिनेट: पाटीदारों का दबदबा, 1 महिला को भी मंत्रिमंडल में मिली जगह    ||   पशु तस्करों और पुलिस में मुठभेड़, जवाबी गोलीबारी में एक मरा, घायल गायें बरामद    ||   RTI में खुलासा- भगत सिंह-राजगुरु-सुखदेव को अब तक नहीं मिला शहीद का दर्जा, सरकारी किताब में बताया गया 'आतंकी'     ||    गुजरात चुनाव: रैली में बोले BJP नेता- दाढ़ी-टोपी वालों को कम करना पड़ेगा, डराने आया हूं ताकि वो आंख न उठा सकें    ||   मध्य प्रदेश: बाबरी विध्वंस पर जुलूस निकाल रहे विहिप-बजरंग दल कार्यकर्ता पर पथराव, भड़क गई हिंसा    ||   बैंक अकाउंट को आधार से जोड़ने की तारीख बढ़ी, जानिए क्या है नई तारीख    ||

एयरटेल ने टाटा टेलिसर्विसेस का किया अधिग्रहण, कर्मचारियों की नहीं जाएगी नौकरी

अंग्वाल न्यूज डेस्क
एयरटेल ने टाटा टेलिसर्विसेस का किया अधिग्रहण, कर्मचारियों की नहीं जाएगी नौकरी

नई दिल्ली। दूर संचार क्षेत्र में काम करने वाली भारत की सबसे बड़ी कंपनी एयरटेल ने टाटा टेलिसर्विसेस का अधिग्रहण कर लिया है। इस अधिग्रहण के बाद टाटा के करीब 40 लाख उपभोक्ता एयरटेल में स्विच कर जाएंगे। टाटा टेलिसर्विसेस के अधिग्रहण के से एयरटेल को करीब 71 मेगाहर्टज स्पेक्ट्रम का फायदा होगा। बता दें कि एयरटेल इस साल की शुरुआत में टाटा टेलीनाॅर के अधिग्रहण कर चुकी है। 

नौकरी का संकट

गौरतलब है कि टाटा कंपनी का इतिहास काफी पुराना रहा है। उसने अपने इतिहास में किसी भी कंपनी को पूरी तरह से बंद नहीं किया है। टाटा टेलिसर्विसेस के सभी कर्मचारियों का भी एयरटेल अपने में विलय कर लेगी। इससे कर्मचारियों पर नौकरी खत्म होने का संकट भी नहीं रहेगा। टाटा के वायरलेस कारोबार के अधिग्रहण के साथ ही एयरटेल को एक कर्ज-मुक्त कंपनी मिलेगी और उसके ग्राहकों की संख्या बढ़कर करीब 32.1 करोड़ हो जाएगी।

ये भी पढ़ें - दिवालिया हो चुके आम्रपाली ग्रुप को सुप्रीम कोर्ट का बड़ा झटका, सभी डायरेक्टर्स के विदेश जाने प...


बिजनेस आॅपरेशन का अधिग्रहण

यहां बता दें कि रिलायंस जियो के बाजार में आने के बाद से इस क्षेत्र में बड़े बदलाव देखने में आ रहे हैं। बड़ी कंपनियों का एक दूसरे में विलय हो रहा है। ऐसा लगातार होता रहा तो आने वाले समय में बाजार में गिनी चुनी कंपनियां ही रह जाएंगी। बता दें कि टाटा टेलीसर्विसेज और भारती एयरटेल के करार के तहत भारती एयरटेल  टाटा टेलीसर्विसेज के बिजनेस ऑपरेशन का अधिग्रहण करेगी। टाटा ग्रुप का टेलीकॉम बिजनेस 19 सर्कल्स में हैं और विलय के बाद ये सभी एयरटेल के हो जाएंगे। कंपनी के मुताबिक यह अधिग्रहण फिलहाल रेग्यूलेटरी अप्रूवल के लिए भेजा गया है, इसके बाद ही यह मान्य होगा। खबरों के अनुसार भारती ने इस ट्रांजैक्शन को हरी झंडी दे दी है। गौरतलब है कि वोडाफोन और आईडिया के विलय के बाद दोनों के ग्राहकों की मिली संख्या एयरटेल के ग्राहकों की संख्या को पार कर सकती है।  आपको बता दें कि दूरसंचार क्षेत्र में यह एकीकरण नई कंपनी रिलायंस जियो द्वारा प्रतिस्पर्धी शुल्क दरों को पेश करने का नतीजा है। जियो ने महज एक साल में ही 12.8 करोड़ ग्राहक बना लिए।

 

Todays Beets: