Saturday, November 17, 2018

Breaking News

   एसबीआई ने क्लासिक कार्ड से पैसे निकालने के बदले नियम    ||   बाजार में मंगलवार को आई बहार, सेंसेक्स और निफ्टी में बढ़त     ||   हिंदूराव अस्पताल के ऑपरेशन थियेटर में निकला सांप , हंगामा     ||   सीबीआई के स्पेशल डायरेक्टर राकेश अस्थाना के आरोपों के बाद हो सकता है उनका लाइ डिटेक्टर टेस्ट    ||   देहरादून की मॉडल ने किया मुंबई में हंगामा , वाचमैन के साथ की हाथापाई , पुलिस आई तो उतार दिए कपड़े     ||   दंतेवाड़ा में नक्सली हमला, दो जवान शहीद , दुरदर्शन के कैमरामैन की भी मौत     ||   सेना हर चुनौती से न‍िपटने के ल‍िए तैयार, सर्जिकल स्ट्राइक भी व‍िकल्‍प: रणबीर सिंह    ||   BJP विधायक मानवेंद्र ने बदला पाला, राज्यवर्धन बोले- कांग्रेस ने 70 साल में मंत्री नहीं बनाया    ||   सबरीमाला मंदिर में महिलाओं के प्रवेश पर छिड़ी जंग, हिरासत में 30 प्रदर्शनकारी    ||   विवेक तिवारी हत्याकांडः HC की लखनऊ बेंच ने CBI जांच की मांग ठुकराई    ||

टिहरी झील में आयोजित बैठक को कांग्रेस ने मौजमस्ती और फोटो सेशन बताया, सरकार से इस्तीफे की मांग

अंग्वाल न्यूज डेस्क
टिहरी झील में आयोजित बैठक को कांग्रेस ने मौजमस्ती और फोटो सेशन बताया, सरकार से इस्तीफे की मांग

देहरादून। टिहरी झील में हुई उत्तराखंड सरकार की कैबिनेट मीटिंग से भाजपा कार्यकर्ता जहां खुश हैं वहीं विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने इसे आड़े हाथों लिया है। कांग्रेस ने 4 करोड़ रुपये वाली फ्लोटिंग बोट पर हुई मीटिंग को मौजमस्ती और फोटो सेशन करार दिया है। कांग्रेस के जिलाध्यक्ष सूरज राणा ने टिहरी झील में बैठक के आयोजन पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि टिहरी बांध प्रभावित और विस्थापितों की समस्याओं के समाधान पर किसी तरह का कोई विचार नहीं किया गया। 

गौरतलब है कि उत्तराखंड सरकार की कैबिनेट मीटिंग पहली बार राजधानी के बाहर टिहरी झील में आयोजित की गई थी। इस मीटिंग में राज्य के विकास के लिए कई फैसले लिए गए लेकिन विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने इसे महज मौजमस्ती और फोटो सेशन कराने वाला आयोजन बताते हुए भाजपा सरकार पर आरोप लगाया कि इस बैठक में टिहरी बांध प्रभावित 17 गांव के 415 परिवारों और पुरानी टिहरी विस्थापितों की समस्याओं के निस्तारण के लिए कोई निर्णय नहीं लिया गया। कांग्रेस के जिलाध्यक्ष सूरज राणा ने कहा कि उन्होंने जिलाधिकारी के माध्यम से 13 सूत्रीय मांगों का एक पत्र मुख्यमंत्री को सौंपा था लेकिन इस पर कोई विचार नहीं किया गया। 

ये भी पढ़ें - सरकारी कामकाज हो सकता ठप, लोगों की बढ़ सकती हैं मुश्किलें, 5 लाख कर्मचारी बैठेंगे धरने पर


यहां बता दें कि कांग्रेस ने कहा कि टिहरी में कैबिनेट का आयोजन होने से लोगों को काफी उम्मीदें थी लेकिन सरकार ने उनकी उम्मीदों पर पूरी तरह से पानी फेर दिया। कांग्रेस के नेता शांतिप्रसाद भट्ट ने कहा कि भाजपा के मंत्री, विधायकों, कार्यकर्ताओं ने टिहरी झील में कैबिनेट बैठक के नाम पर मौजमस्ती कर फोटो सेशन करवाया। कांग्रेस के नेताओं ने सरकार से बांध प्रभावितों का विस्थापन, हनुमंत रावत कमेटी की सिफारिशों पर नई टिहरी में मुफ्त पानी, बिजली उपलब्ध कराने सहित जनहित के 15 कार्य पूरे नहीं करने पर सरकार से इस्तीफे की मांग की है।  

Todays Beets: