Friday, December 15, 2017

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शिक्षक भर्ती फर्जीवाड़े में एसआईटी ने कसा शिकंजा, एक और शिक्षक के खिलाफ मुकदमा दर्ज

अंग्वाल न्यूज डेस्क
शिक्षक भर्ती फर्जीवाड़े में एसआईटी ने कसा शिकंजा, एक और शिक्षक के खिलाफ मुकदमा दर्ज

हरिद्वार। फर्जी शिक्षकों की जांच कर रही एसआईटी के शिकंजे में एक और शिक्षक आया है। हरिद्वार के भगवानपुर थाने में उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। इससे पहले भी एसआईटी  ने 8 शिक्षकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा चुकी है। मामले में एसआईटी जांच में तेजी के बाद तमाम शिक्षक अभी भी लापता चल रहे हैं। जांच की जद में आए 350 शिक्षकों में से 338 के प्रमाण पत्र को विभागीय अधिकारियों ने एसआईटी के हवाले कर दिया है।

स्कूल छोड़कर भागे शिक्षक

गौरतलब है कि साल 2014 से 2016 के बीच राज्य में बड़े पैमाने पर शिक्षकों की भर्ती में फर्जीवाड़ा सामने आया था उसके बाद इसकी विभागीय जांच का मामला सुस्त पड़ने के बाद इसकी जांच एसआईटी को सौंपी गई। एसआईटी को जांच में सहयोग न करने पर कई शिक्षकों को निलंबित कर दिया गया था। एसआईटी टीम के निरीक्षक मणिभूषण श्रीवास्तव की जांच पड़ताल में संदिग्ध शिक्षकों की संख्या बढ़कर 350 के करीब जा पहुंची है। जांच लिस्ट में नाम आने पर ऐसे शिक्षक स्कूल छोड़कर भाग गए हैं, जिनके प्रमाण पत्र वास्तविक रूप से फर्जी हैं।

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पेंशन पर लगी रोक

आपको बता दें कि जिला शिक्षाधिकारी बेसिक ब्रह्मपाल सैनी ने खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से ब्लॉकवार प्राथमिक शिक्षकों को जांच के लिए अपने दस्तावेज देने को कहा गया। करीब 350 शिक्षकों में से 338 शिक्षकों ने अपने प्रमाण पत्र एसआईटी को सौंप दिए लेकिन जिन 12 शिक्षकों ने दस्तावेज जमा नहीं कराए उनको नोटिस भेजा गया था, उनमें से आठ को बर्खस्त भी किया जा चुका है। जांच टीम के निर्देश पर भगवानपुर विकास खंड के उप शिक्षाधिकारी ने राजकीय प्राथमिक विद्यालय में तैनात रहे शिक्षक जहेंद्र के खिलाफ भगवानपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज करा दी है। सेवा निवृत्त हो चुके फर्जी शिक्षकों कर पेंशन पर रोक लगा दी गई है।

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