Friday, April 26, 2019

Breaking News

   भाजपा के संकल्प पत्र में आतंकवाद और भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई का वादा     ||   सुप्रीम कोर्ट ने लोकसभा चुनाव में ईवीएम और वीवीपैट के मिलान को पांच गुना बढ़ाया    ||    दिल्लीः NGT ने जर्मन कार कंपनी वोक्सवैगन पर 500 करोड़ का जुर्माना ठोंका     ||    दिल्लीः राहुल गांधी 11 मार्च को बूथ कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित करेंगे     ||    हैदराबाद: टीका लगाने के बाद एक बच्चे की मौत, 16 बीमार पड़े     ||   मध्य प्रदेश के ब्रांड एंबेसडर होंगे सलमान खान, CM कमलनाथ ने दी जानकारी     ||   पाकिस्तान को FATF से मिली राहत, ग्रे लिस्ट में रहेगा बरकरार     ||   आय से अधिक संपत्ति केसः हिमाचल के पूर्व CM वीरभद्र सिंह के खिलाफ आरोप तय     ||   भीमा-कोरेगांव केसः बॉम्बे HC ने आनंद तेलतुंबड़े की याचिका पर सुनवाई 27 तक टाली     ||   हिमाचल प्रदेश: किन्नौर जिले में आया भूकंप, तीव्रता 3.5     ||

अल्मोड़ा की चौबटिया में होगा भारत और अमेरिका का संयुक्त युद्धाभ्यास, आपदा प्रबंधन एवं काउंटर इनसर्जेंसी पर होगा काम

अंग्वाल न्यूज डेस्क
अल्मोड़ा की चौबटिया में होगा भारत और अमेरिका का संयुक्त युद्धाभ्यास, आपदा प्रबंधन एवं काउंटर इनसर्जेंसी पर होगा काम

अल्मोड़ा। उत्तराखंड एक बार फिर से भारत और अमेरिका की सेना के संयुक्त युद्धाभ्यास का गवाह बनने जा रहा है। इस बार उत्तराखंड में अल्मोड़ा जिले के चौबटिया में 16 से 29 सितंबर के बीच संयुक्त युद्धाभ्यास होगा। ऐसा माना जा रहा है कि दिल्ली में दोनों देशों के बीच हुए टू प्लस टू वार्ता का नतीजा है। हालांकि सेना की ओर से कहा गया है कि हर एक साल के बाद सैन्य अभ्यास होता है। इससे पहले पिथौरागढ़ में संयुक्त सैन्य अभ्यास का आयोजन किया गया था।

गौरतलब है कि इस बार अल्मोड़ा जिले के चैबटिया में 16 से 29 सितंबर के बीच संयुक्त युद्धाभ्यास को पहले के मुकाबले अपग्रेड कर दिया गया है।  अब इसे बटालियन स्तर की फील्ड ट्रेनिंग एक्सरसाइज (एफटीएक्स) और एक डिविजन स्तर की कमांड पोस्ट एक्ससाइज (सीपीएक्स) कर दिया गया है। सेना के जनसंपर्क अधिकारी का कहना है कि युद्धाभ्यास की तारीख तय हो चुकी है और इस अभ्यास के दौरान काउंटर इनसर्जेंसी और आपदा प्रबंधन के क्षेत्र मंे साथ मिलकर काम करने पर काम किया जाएगा। 

ये भी पढ़ें - प्राईवेट स्कूल एक्ट में होगा बड़ा बदलाव, निजी स्कूलों की मनमानी पर लगेगी रोक


यहां बता दें कि इस साल करीब 400 भारतीय और 400 अमेरिकी सैनिक इस युद्धाभ्यास में शामिल होंगे। 15 गढ़वाल राइफल्स के जवान इस अभ्यास का हिस्सा बनेंगे। गौर करने वाली बात है कि पिछले साल यह अभ्यास अमेरिका के लुईस मैकॉर्ड ज्वाइंट बेस पर हुआ था। रक्षा मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि दोनों देशों के बीच संयुक्त युद्धाभ्यास को आगे बढ़ाते हुए इसमें पहली बार भारत की तीनों सेनाओं को शामिल किया जाएगा। यह अभ्यास अगले साल 2019 में पूर्वी भारत के तट पर अमेरिका के साथ करने का फैसला लिया गया है।

 

Todays Beets: