Monday, October 22, 2018

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उत्तराखंड में हर क्षेत्र में अपार संभावनाएं, रसना ने किया 500 करोड़ का निवेश, अर्जेंटीना ने भी दिखाई दिलचस्पी

अंग्वाल न्यूज डेस्क
उत्तराखंड में हर क्षेत्र में अपार संभावनाएं, रसना ने किया 500 करोड़ का निवेश, अर्जेंटीना ने भी दिखाई दिलचस्पी

देहरादून। उत्तराखंड इंवेस्टर्स समिट के दूसरे दिन सोमवार को स्वास्थ्य क्षेत्र में निवेश के लिए निवेशकों से अपील की गई। केन्द्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्वनी कुमार चौबे ने हेल्थ केयर एण्ड विलनेस सेशन में उद्यमियों से अपील करते हुए कहा कि प्रदेश में धार्मिक पर्यटन, योगा, ध्यान केन्द्र, पंचकर्म, नेचुरलपैथी आदि के क्षेत्र में निवेश की पर्याप्त संभावनाएं हैं। ऐसे में वे इस क्षेत्र में भी निवेश करने में अपनी दिलचस्पी दिखाएं। वहीं हाॅर्टीकल्चर के क्षेत्र में हुए निवेश की जानकारी देते हुए कृषि मंत्री सुबोध उनियाल ने बताया कि रसना के द्वारा राज्य में 500 करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है।  इसके अलावा फूड प्रोसेसिंग और पशुपालन के क्षेत्र में भी निवेश को बढ़ावा देने की अपील की गई।

गौरतलब है कि कृषि मंत्री ने कहा कि कृषि व होल्टिकल्चर के क्षेत्र में 4834 करोड का एम ओ यू साइन हुआ है। जिसके अन्तर्गत 1325 करोड का एरोमा सेक्टर आगर्निक खेती हेतु 1309 करोड व 2200 करोड हाॅर्टीकल्चर के क्षेत्र में एमओयू हुआ है। उन्होंने कहा कि भारत में 42 फूड प्रोसेसिंग सेक्टर हैं जिसमें से 2 उत्तराखण्ड में स्थापित है। कृषि मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि पर्वतीय क्षेेत्र में फूड प्रोसेसिंग हेतु नौथा में सेक्टर स्थापित किया रहा है जिसमें 500 लोगो को रोजगार प्राप्त होगा। उन्होंने कहा वर्तमान में उत्तराखण्ड में 300 हेक्टेयर भूमि में चाय की खेती की जा रही है जिसे बढाकर 1300 हेक्टेयर किया जाएगा। सुबोध उनियाल ने कहा कि अर्जेंटीना ने हर्बल के क्षेत्र में निवेश करने में दिलचस्पी दिखाई है। उन्होंने कहा कि राज्य में आॅर्गेनिक खेती को बढ़ावा देने के लिए अलग-अलग कलस्टर बनाए जा रहे हैं। 

इसके साथ ही पशुपालन राज्यमंत्री रेखा आर्य ने निवेशकों से पशुपालन के क्षेत्र में भी निवेश करने की अपील की है। उन्होंने कहा पशुपालन को बढ़ावा देने व उन्नतशील नस्ल के पशुओं हेतु प्रदेश में सीमेन लैब बनाई जा रही है। खाद्य प्रसंस्करण मंत्री हरसिमरत कौर बादल ने कहा कि राज्य में फूड प्रोसेसिंग में भी अपार संभावनाएं हैं। सुविधाओं के अभाव में यहां काफी अनाज और फल बर्बाद हो जाता है। ऐसे में उद्योग लगने से लोगों को रोजगार भी मिलेगा। 

गौर करने वाली बात है कि केन्द्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्वनी कुमार चौबे ने कहा कि आयुर्वेद के क्षेत्र में अच्छे निवेश हेतु राज्य द्वारा कई क्षेत्रों में शिथिलीकरण भी कर दिया गया है और बेहतर निवेश हेतु सब्सिडी की सहायता भी निवेशकों को दी जा रही है। उन्होंने कहा कि 50 करोड़ लोगों को 5 लाख तक की चिकित्सा हेतु बीमा किया गया है साथ ही 1300 करोड़ रुपये की धनराशि का प्रावधान वेलनेस सेन्टरों के लिए किया है तथा प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में भी धनराशि का प्रावधान कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि योजना के संचालन के लिए आरोग्य मित्रों का भी रखा गया है।  

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प्रदेश के वन एवं पर्यावरण मंत्री हरक सिंह रावत ने कहा कि आयुर्वेद के क्षेत्र में अभी तक 3 हजार करोड़ का एमओयू हो चुका है और आगे आने वाली समय में बड़े निवेश की संभावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि औद्योगिक क्षेत्र में निवेश हेतु सभी परेशानियों को दूर किया जा रहा है जिसके लिए एकल खिड़की की व्यवस्था की गई हैं। उन्होंने कहा कि इस समिट को देखते हुए राज्य के कई आयुर्वेदिक विद्यालयों ने आगामी सत्र से नेचुरल पैथोलाजी, ईष्पा, मसाज, योगा आदि पर नए  विषयों को खोलने तथा उच्च स्तर पर कक्षाएं संचालित करने का भरोसा दिलाया है। 

इन्वेस्टर समिट के दूसरे दिन शिक्षा एवं कौशल विकास सत्र को सम्बोधित करते हुए शिक्षा मंत्री अरविन्द पाण्डे ने कहा कि स्वस्थ्य शरीर-मस्तिष्क से ही अच्छी शिक्षा प्राप्त की जा सकती है। उन्होंने निवेशकों को इस क्षेत्र में निवेश करने के लिए आमंत्रित किया। शिक्षा मंत्री पाण्डे ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में सफल प्रयोग किए जा रहे हैं। आज के दौर में शिक्षा के माध्यम से डिजीटल एवं फिजीकल को जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। जिससे युवा रोजगार एवं स्वरोजगार से सीधे जुड़ सकें। उच्च शिक्षा के साथ ही विद्यालयी शिक्षा को रोजगारपरक शिक्षा से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। 

यहां आपको बता दें कि युवाओं में तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए  प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत कौशल विकास मंत्रालय बनाया गया है। इस योजना के तहत पूरे देश में कौशल विकास केंद्र चलाया जा रहा है जिसके माध्यम से युवाओं को प्रशिक्षित कर सीधे रोजगार से जोड़ा जा रहा है।

निवेशकों को लुभाने के लिए राज्य सरकार की ओर से सुविधाएं दी जा रही है। वित्त मंत्री प्रकाश पंत ने कहा कि राज्य में उद्योग के क्षेत्र में एक अच्छा माहौल बना हुआ है। हमारे पास कुशल मानव संसाधन, सस्ती बिजली व कानून व्यवस्था है। उद्योग के क्षेत्र में राज्य से बेहतर वातावरण देश में किसी अन्य राज्य में नही मिलेगा। सिंगल विंडो सिस्टम के माध्यम से उद्यमियों को हर प्रकार की सुविधाएं मुहैया कराई जा रही है ताकि उद्यमियों को उद्योग स्थापित करने में किसी भी प्रकार की कोई परेशानी न हो।

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