Saturday, February 16, 2019

Breaking News

   महाराष्ट्रः ईस्ट इंडिया कंपनी द्वारा चलाई गई शकुंतला नैरो गेज ट्रेन में लगी आग     ||   केरलः दक्षिण पश्चिम तट से अवैध तरीके से भारत में घुसते 3 लोग गिरफ्तार     ||   ताबड़तोड़ एनकाउंटर पर योगी सरकार को SC का नोटिस, CJI बोले- विस्तृत सुनवाई की जरूरत     ||   तेहरान में बोइंग 707 किर्गिज कार्गो प्लेन क्रैश, 10 क्रू मेंबर की मौत     ||   PM मोदी बोले- जवानों के बाद किसानों की आंखों में धूल झोंक रही कांग्रेस     ||   PM मोदी बोले- हम ईमानदारी से कोशिश करते हैं, झूठे सपने नहीं दिखाते     ||   कुशल भ्रष्टाचार और अक्षम प्रशासन का मॉडल है कांग्रेस-कम्युन‍िस्ट सरकार-PM मोदी     ||   CBI: राकेश अस्थाना केस में द‍िल्ली हाई कोर्ट में सुनवाई 20 द‍िसंबर तक टली     ||   बैडम‍िंटन खि‍लाड़ी साइना नेहवाल ने पी कश्यप से की शादी     ||   गुलाम नबी आजाद ने जीवन भर कांग्रेस की गुलामी की है: ओवैसी     ||

अब शिक्षामित्रों ने सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा, शुरू किया आमरण अनशन

अंग्वाल न्यूज डेस्क
अब शिक्षामित्रों ने सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा, शुरू किया आमरण अनशन

देहरादून। ऐसा लगता है कि उत्तराखंड सरकार और शिक्षकों के बीच सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है। अपनी मांगों को लेकर कई दिनों से आंदोलन कर रहे राजकीय शिक्षक संघ ने हाईकोर्ट की सख्ती के बाद अपना आंदोलन वापस ले लिया लेकिन अब अपनी नियुक्ति की मांग को लेकर शिक्षा मित्रों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उनका कहना है कि कई बार के आश्वासन के बावजूद उनकी मांग पर कार्रवाई नहीं की जा रही है। अब उन्होंने शिक्षा निदेशालय में बेमियादी अनशन शुरू कर दिया है।

गौरतलब है कि इन शिक्षा मित्रों ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं की जाएंगी उनका अनशन जारी रहेगा। बता दें कि शिक्षामित्रों ने सोमवार से शिक्षा निदेशालय में आमरण अनशन शुरू कर दिया है। शिक्षा मित्रों ने कहा कि डीएलएड प्रशिक्षित शिक्षकों की तरह की करीब 900 शिक्षामित्र सहायक शिक्षकों के तौर पर नियुक्ति देने की मांग कर रहे हैं वहीं इसके लिए कई दिनों का आंदोलन भी किया गया था। 

ये भी पढ़ें - शिक्षा व्यवस्था में सुधार की कवायद तेज, अब शिक्षकों को स्कूलों के करीब ही रहना होगा

यहां बता दें कि शिक्षा निदेशालय के आश्वासन के बाद शिक्षामित्रों ने अपना आंदोलन वापस ले लिया था लेकिन इसके बाद उसपर कोई कार्रवाई नहीं की गई। अब इन लोगों ने एक बार फिर से आमरण अनशन शुरू कर  दिया है। इनका कहना है कि सरकार जब तक मांगों को पूरा नहीं करती है उनका अनशन जारी रहेगा। 


गौर करने वाली बात है कि इससे पहले माध्यमिक शिक्षक भी पिछले कई दिनों से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे थे लेकिन हाईकोर्ट की सख्ती के बाद राजकीय शिक्षक संघ ने अपना आंदोलन वापस ले लिया था और उम्मीद जताई थी कि उनकी मांगें पूरी हो जाएंगी। 

 

Todays Beets: