Tuesday, January 23, 2018

Breaking News

   98 साल की उम्र में MA करने वाले राज कुमार का संदेश, कहा-हमेशा कोशिश करते रहें     ||   मुंबई स्टॉक एक्सचेंज ने पार किया 34000 का आंकड़ा, ऑफिस में जश्न का माहौल     ||   पं. बंगाल: मालदा से 2 लाख रुपये के फर्जी नोट बरामद, एक गिरफ्तार    ||   सेक्स रैकेट का भंड़ाभोड़: दिल्ली की लेडी डॉन सोनू पंजाबन अरेस्ट    ||   रूपाणी कैबिनेट: पाटीदारों का दबदबा, 1 महिला को भी मंत्रिमंडल में मिली जगह    ||   पशु तस्करों और पुलिस में मुठभेड़, जवाबी गोलीबारी में एक मरा, घायल गायें बरामद    ||   RTI में खुलासा- भगत सिंह-राजगुरु-सुखदेव को अब तक नहीं मिला शहीद का दर्जा, सरकारी किताब में बताया गया 'आतंकी'     ||    गुजरात चुनाव: रैली में बोले BJP नेता- दाढ़ी-टोपी वालों को कम करना पड़ेगा, डराने आया हूं ताकि वो आंख न उठा सकें    ||   मध्य प्रदेश: बाबरी विध्वंस पर जुलूस निकाल रहे विहिप-बजरंग दल कार्यकर्ता पर पथराव, भड़क गई हिंसा    ||   बैंक अकाउंट को आधार से जोड़ने की तारीख बढ़ी, जानिए क्या है नई तारीख    ||

उत्तराखंड में अब छाएगी हरियाली, इस बरसात में लगाए जाएंगे एक करोड़ पौधे

अंग्वाल न्यूज डेस्क
उत्तराखंड में अब छाएगी हरियाली, इस बरसात में  लगाए जाएंगे एक करोड़ पौधे

देहरादून। राज्य में हरेला का त्योहार जोर-शोर से मनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने हरेला का आगाज करते हुए उत्तराखंड के लोगों को शुभकामनाएं दी हैं। हरेला के अवसर पर सीएम ने ‘एक व्यक्ति एक वृक्ष’ का नारा भी दिया। राज्य के सभी लोगों से अपील करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वे अपने-अपने घरों के आसपास एक पौधा जरूर लगाएं। वन विभाग की ओर से इस साल करीब 50 लाख पौधे के रोपण का लक्ष्य रखने पर त्रिवेन्द्र रावत ने खुशी जाहिर की। 

आस्था के प्रतीक पेड़ों का रोपण

गौरतलब है कि वन विभाग के अलावा अन्य संगठनों और सस्थानों के द्वारा भी 50 लाख पौधे लगाए जाएंगे यानी कि कुल मिलाकर इस वर्षाकाल में एक करोड़ नए पौधे लगाए जाएंगे। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र ने कहा कि हरियाली के पर्व हरेला पर हम सभी को वृक्षारोपण का संकल्प लेना होगा हमारे शास्त्रों में भी कहा गया है कि एक वृक्ष 10 पुत्रों के समान होता है। प्राचीन काल से ही भारतीय सभ्यता में वृक्षों की रक्षा की परंपरा रही है हमारी परंपरा में पीपल वृक्ष को पूजनीय तथा चिरंजीवी माना जाता है। वटवृक्ष हमारी आस्था तथा अध्यात्म से जुड़ा हुआ है इसी वजह से अधिकारी भी पीपल के रोपण को महत्व दे रहे हैं क्योंकि इसके धार्मिक महत्व के कारण कोई इसे काटता नहीं है।

ये भी पढ़ें - राज्य में शिक्षकों के तबादलों पर लगी रोक, बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़े के बाद मंत्री ने दिए आदेश

नदियों को मिलेगा पुनर्जीवन


मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र ने कहा कि इस साल के हरेला पर्व की थीम वृक्षारोपण के साथ नदियों का पुनर्जीवन तथा संरक्षण है। राज्य के हर जिले मंे एक नदी, धारा या गदेरा की पहचान की जाएगी और उसे पुनर्जीवित करने के प्रयास किए जाएंगे। इसी थीम के तहत देहरादून में सुसवा नदी के किनारे वृक्षारोपण किया जा रहा है। नदियों का बचाव होने से राज्य में जल संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा। राज्य में ऐसे पौधे ज्यादा लगाए जाएंगे जिनसे स्थानीय लोगों को आर्थिक लाभ भी मिले। यहां बता दें कि मुख्यमंत्री ने कहा कि 15 अगस्त तक पूरे राज्य में 50 लाख पौधे लगाए जाएंगे लेकिन इसके लिए जन अभियान और जनसहयोग की जरूरत है। 

 

पौधे लगाने से ज्यादा उसकी सुरक्षा जरूरी

मुख्यमंत्री ने कहा कि चाहे हम अपने घरों में सजावटी, नींबू, अमरूद तथा अन्य फलदार पौधे ही लगाएं तथा लगाए गए पौधों की सुरक्षा पर भी ध्यान दें। इस अवसर पर कार्यक्रम को विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल, वन मंत्री हरक सिंह रावत, पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज, विधायक सुबोध उनियाल ने भी संबोधित किया। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र ने स्कूली बच्चों को पौधे भी वितरित किए।

Todays Beets: