Monday, September 24, 2018

Breaking News

   ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के पूर्व जीएम के ठिकानों पर आयकर के छापे     ||   बिहार: पूर्व मंत्री मदन मोहन झा बनाए गए प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष। सांसद अखिलेश सिंह बनाए गए अभियान समिति के अध्यक्ष। कौकब कादिरी समेत चार बनाए गए कार्यकारी अध्यक्ष।     ||   कर्नाटक के मंत्री शिवकुमार के खिलाफ ED ने मनी लॉन्ड्रिंग का केस दर्ज किया    ||   सीतापुर में श्रद्धालुओें से भरी बस खाई में पलटी 26 घायल, 5 की हालत गंभीर     ||   मंगल ग्रह पर आशियाना बनाएगा इंसान, वैज्ञानिकों को मिली पानी की सबसे बड़ी झील     ||   भाजपा नेता का अटपटा ज्ञान, 'मृत्युशैया पर हुमायूं ने बाबर से कहा था, गायों का सम्मान करो'     ||   आज से एक हुए IDEA-वोडाफोन! अब बनेगी देश की सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनी     ||   गोवा में बड़ी संख्‍या में लोग बीफ खाते हैं, आप उन्‍हें नहीं रोक सकते: बीजेपी विधायक     ||   चीन फिर चल रहा 'चाल', डोकलाम में चुपचाप फिर शुरू कीं गतिविधियां : अमेरिकी अधिकारी     ||   नीरव मोदी, चोकसी के खिलाफ बड़ा एक्शन, 25-26 सितंबर को कोर्ट में पेश होने के आदेश     ||

बदलते मौसम के बीच आसन वैटलैंड में जुट रहा प्रवासी पक्षियों का झुंड, सुरक्षा व्यवस्था की गई कड़ी

अंग्वाल न्यूज डेस्क
बदलते मौसम के बीच आसन वैटलैंड में जुट रहा प्रवासी पक्षियों का झुंड, सुरक्षा व्यवस्था की गई कड़ी

देहरादून। उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में बदलते मौसम के साथ देश के पहले कंजरवेशन रिजर्व वैटलैंड आसन में प्रवासी पक्षियों के आगमन का सिलसिला शुरू हो गया है। यहां आने वाले विदेशी परिंदों में बड़ी संख्या में सुर्खाब और गोल्डन होराॅन भी शामिल हैं। पक्षियों की बढ़ती तादाद के मद्देनजर सैलानियों की संख्या में भी इजाफा हो रहा है। पर्यटक उन्हें अपने कैमरे में कैद करने में लगे हुए हैं। 

बड़ी संख्या में सुर्खाब आ रहे

गौरतलब है कि उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाके में मौसम ने करवट लेनी शुरू कर दी है और इसीके साथ प्रवासी परिंदों का झुंड आसन वैटलैंड में जुटकर मौसम का आनंद लेने में जुट रहे हैं। रुडी शेलडक के बाद छह प्रजातियों के परिंदे भी उत्तराखंड के मेहमान बन गए हैं। इंडियन पांड हेरोन, पर्पल हेरोन, ब्लैक विंग्ड सिल्ट, कॉमन कूट, कॉमन पोचार्ड, टफ्टेड प्रजाति के परिंदे भी आसन नमभूमि पहुंच चुके हैं। हालांकि इन प्रजातियों की संख्या अभी कम है। वहीं सुर्खाब की संख्या में इजाफा होने पर संख्या 300 के करीब जा पहुंची है। यहां बता दें कि आसन में हर साल बड़ी संख्या में प्रवासी पक्षी आते हैं।

ये भी पढ़ें - एक नाम पर दो फायदा लेने वाले दिव्यांगों की रुकेगी पेंशन, जांच के लिए नई टीम का गठन 


सुरक्षा कड़ी की गई

यहां यह जानना जरूरी है कि अक्टूबर और अप्रैल के बीच आने वाले इन पक्षियों की प्रजातियां यहां की नमभूमि का आनंद लेने लगे हैं। आसन झील में पक्षियों के सुनहरे पंख लोगों को अपनी ओर खींचने लगे हैं। प्रवासी पक्षियों के आगमन को देखते हुए उनकी सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी कर दी गई है। चकराता वन प्रभाग के कर्मचारी लगातार रात में भी झील की गश्त कर रहे हैं। 

 

  

Todays Beets: