Tuesday, August 14, 2018

Breaking News

   मंगल ग्रह पर आशियाना बनाएगा इंसान, वैज्ञानिकों को मिली पानी की सबसे बड़ी झील     ||   भाजपा नेता का अटपटा ज्ञान, 'मृत्युशैया पर हुमायूं ने बाबर से कहा था, गायों का सम्मान करो'     ||   आज से एक हुए IDEA-वोडाफोन! अब बनेगी देश की सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनी     ||   गोवा में बड़ी संख्‍या में लोग बीफ खाते हैं, आप उन्‍हें नहीं रोक सकते: बीजेपी विधायक     ||   चीन फिर चल रहा 'चाल', डोकलाम में चुपचाप फिर शुरू कीं गतिविधियां : अमेरिकी अधिकारी     ||   नीरव मोदी, चोकसी के खिलाफ बड़ा एक्शन, 25-26 सितंबर को कोर्ट में पेश होने के आदेश     ||   जापान में फ़्लैश फ्लड से 200 लोगों की मौत     ||   देहरादून में जलभराव पर सरकार ने लिया संज्ञान अधिकारियों को दिए निर्देश     ||   भारत ने टॉस जीता फील्डिंग करने का फैसला     ||   उपेन्द्र राय मनी लाउंड्रिंग मामले में सीबीआई ने 2 अधिकारियों को गिरफ्तार किया     ||

आने वाले 2 दिनों तक हो सकती है आफत की बारिश, मौसम विभाग ने जारी किया रेड अलर्ट

अंग्वाल न्यूज डेस्क
आने वाले 2 दिनों तक हो सकती है आफत की बारिश, मौसम विभाग ने जारी किया रेड अलर्ट

देहरादून। उत्तराखंड पर इन दिनों मौसम का कहर जारी है। शनिवार की सुबह से राजधानी देहरादून में भारी बारिश हो रही है। दून में भारी बारिश के चलते शहर की सड़कों पर पानी भर गया है। हल्द्वानी और हरिद्वार में भी सभी सड़कों पर पानी भरने से लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मौसम विभाग ने शनिवार और रविवार को भारी बारिश की संभावना जताते हुए राज्य में आॅरेंज और रेड अलर्ट जारी कर दिया है। भारी बारिश के कारण बद्रीनाथ हाईवे बंद हो गया है। लामबगड़ के करीब सड़क का 70 मीटर का हिस्सा बह गया। 

गौरतलब है कि पिछले कुछ दिनों से प्रदेश में भारी बारिश हो रही है। पिथौरागढ़ मंे भी भारी बारिश के कारण लामबगड़ के पास भूस्खलन के कारण रास्ते बंद हो गए हैं। रास्तों के बंद होने से कैलाश मानसरोवर जाने वाले यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ा है। उन्हें पिथौरागढ़ से गुंजी तक हैलीकाॅप्टर के जरिए ले जाया जा रहा है। 

ये भी पढ़ें - सामाजिक कार्यकर्ता सुभाष शर्मा की बढ़ सकती हैं मुश्किलें, सीएम की पत्नी ने दर्ज कराया मुकदमा


यहां बता दें कि मौसम विभाग ने फिलहाल एक हफ्ते यानी की 30 जुलाई तक राज्स में भारी बारिश होने की संभावना जताई है। विभाग ने 22 जुलाई के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। उसका कहना है कि रेड अलर्ट जारी करने का मतलब यह है कि भारी से भारी बारिश होने की संभावना है ऐसे में भूस्खलन का खतरा ज्यादा रहता है जिसकी वजह से रास्ते भी बंद होंगे, छोटी और बड़ी तमाम नदियों में पानी का स्तर बढ़ेगा तो ऐसे में सभी टूरिस्ट और स्थानीय निवासी को हिदायत दी जाती है कि किसी भी तरह का खतरा न उठाएं।

भारी बारिश की चेतावनी के मद्देनजर शिक्षा विभाग ने स्कूलों में बच्चों के अनुपस्थित रहने पर भी बच्चों की अनुपस्थिति न लगाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही ये भी साफ कर दिया है कि अगर बहुत भारी बारिश हो रही हो तो अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल न भेजें।

Todays Beets: