Tuesday, October 4, 2022

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यूपी के गैर मान्यता प्राप्त मदसरों का होगा सर्वे , 25 अक्टूबर तक जिलाधिकारी शासन को भेजेंगे रिपोर्ट

अंग्वाल न्यूज डेस्क
यूपी के गैर मान्यता प्राप्त मदसरों का होगा सर्वे , 25 अक्टूबर तक जिलाधिकारी शासन को भेजेंगे रिपोर्ट

लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने अब एक नया अभियान छेड़ते हुए यूपी में मदसरों को लेकर एक सर्वे करने को कहा है । सरकार के इस आदेश के बाद कहा जा रहा है कि योगी सरकार ने यह अभियान मदसरों पर शिकंजा कसने के लिए चलाया है , जबकि एक तबका कह रहा है कि यूपी में गैर मान्यता प्राप्त मदसरों की स्थिति जानने के लिए यह सर्वे करवाया जा रहा है । इस पूरे मामले में अल्पसंख्यक राज्य मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने इस बारे में जानकारी देते हुए कहा कि हमारा इरादा किसी के खिलाफ किसी दुर्भावना का नहीं है । हम चाहते हैं कि सरकारी योजनाओं में इन मदसरों को शामिल करने के लिए सरकार के पास सही आंकड़े और जानकारी हो । इस अभियान के तहत आगामी 10 सितंबर तक सर्वे की टीमें गठित की जाएंगी , 5 अक्टूबर तक ये टीमें जिलों के डीएम को रिपोर्ट सौंपी जाएगा , जबकि 25 अक्टूबर तक जिलों के डीएम को यह सर्वे रिपोर्ट सरकार को सौंपनी होगी । 

स्थिति जांचने के लिए सर्वे जरूरी

अल्पसंख्यक राज्य मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने इस बारे में कहा कि हमारा यह अभियान किसी के खिलाफ नहीं है , बल्कि हम तो यह चाहते हैं कि हमारे मदसरों में पढ़ने वाले यभी युवाओं को अच्छी शिक्षा मिल सके और उन्हें अच्छी नौकरी मिल सके । इतना ही नहीं मदरसों को सरकारी योजनाओं में शामिल करने के लिए भी इस तरह के सर्वे की जरूरी है ।  ताकि हम भविष्य में कोई भी योजना बनाएं तो हमारे पास सारी जानकारी और जमीनी स्तर की सभी सूचनाएं हों ।   

आंकड़ों से सामने आएगी स्थिति

उन्होंने कहा कि हमारे इस अभियान का मकसद यह जानना है कि आखिर कितने बच्चे मान्यता प्राप्त मदसरों में पढ़ रहे हैं और कितने बिना मान्यता प्राप्त मदसरों में । इस सर्वे से मदसरों में पढ़ने वाले बच्चों से जुड़े सही आंकड़े सामने आ पाएंगे । विपक्ष के आरोपों पर उन्होंने कहा कि इस अभियान का मकसद किसी के खिलाफ कोई साजिश रचना नहीं बल्कि मदरसों को मॉर्डन एजुकेशन से जोड़ने के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है । मदरसा से पढ़ने वाले युवाओं को बेहतर शिक्षा और नौकरी मिले , यही हमारा मकसद है । 


यूपी में हैं 16461 मदसरे

यूपी में इस समय कुल 16,461 मदरसे हैं जिनमें से 560 को सरकारी अनुदान दिया जाता है । अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री का कहना है कि आज जारी आदेश के मुताबिक, अब मदरसों में प्रबंध समिति के विवादित होने या समिति के किसी सदस्य के अनुपस्थित होने की दशा में मदरसे के प्रधानाचार्य और जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी मृतक आश्रित कोटे से नियुक्तियां कर सकेंगे । उन्होंने बताया कि अब सहायता प्राप्त मदरसों के शिक्षक और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के प्रार्थना पत्र पर संबंधित मदरसे के प्रबंधकों की सहमति और राज्य मदरसा शिक्षा परिषद के रजिस्ट्रार के अनुमोदन से उनका स्थानांतरण किया जा सकेगा। 

महिला शिक्षकों को मिलेगी मैटरनिटी लीव

यूपी सरकार ने फैसला किया है कि अब मदरसों में भी महिला शिक्षकों को मैटरनिटी लीव मिलेगी । इस संबंध में संबंधित विभागों को आदेश जारी किए गए हैं । आदेश के अनुसार, अब मदरसों में कार्यरत महिला कर्मचारियों को माध्यमिक शिक्षा विभाग और बेसिक शिक्षा विभाग में लागू नियमों के अनुरूप मातृत्व अवकाश और बाल्य देखभाल अवकाश भी मिलेगा । इस बीच, टीचर्स एसोसिएशन मदारिस अरबिया के महासचिव दीवान साहब जमां ने राज्य सरकार के इन फैसलों का स्वागत करते हुए कहा कि इससे मदरसा शिक्षकों और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को फायदा होगा ।

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