Tuesday, October 4, 2022

Breaking News

   MHA ने NIA के 2 नए विंग को दी मंजूरी, 142 जांच अधिकारी-कर्मचारी बढ़ाए     ||   पाकिस्तान को बाढ़ से निपटने के लिए 10 अरब डॉलर की जरूरत, मंत्री का बयान     ||   सुप्रीम कोर्ट ने 1992 बाबरी मस्जिद विध्वंस से जुड़े सभी मामलो को बंद किया     ||   मनीष के घर-लॉकर से कुछ नहीं मिला, ईमानदार साबित हुए: CM केजरीवाल     ||   दिल्ली: JP नड्डा को बताना चाहता हूं, बच्चा चुराने लगी है BJP- मनीष सिसोदिया     ||   टेस्ला के मालिक एलन मस्क को कोर्ट में घसीटने की तैयारी, ट्विटर संग होगी कानूनी जंग    ||   गोवा में कांग्रेस पर सियासी संकट! सोनिया ने खुद संभाला मोर्चा    ||   जयललिता की पार्टी में वर्चस्व की जंग हारे पनीरसेल्वम, हंगामे के बीच पलानीस्वामी बने अंतरिम महासचिव     ||   देशभर में मानसून एक्टिव हो गया है और ज्यादातर राज्यों में जोरदार बारिश हो रही है. भारी बारिश ने देश के बड़े हिस्से में तबाही मचाई है    ||   अगले साल अंतरिक्ष जाएंगे भारतीय , एक या दो भारतीयों को भेजने की योजना है     ||

फ्लाइट के किराये पर लगी लोवर - अपर कैप आज से खत्म , अब एयरलाइंस तय करेंगे फ्लाइट टिकट के रेट

अंग्वाल न्यूज डेस्क
फ्लाइट के किराये पर लगी लोवर - अपर कैप आज से खत्म , अब एयरलाइंस तय करेंगे फ्लाइट टिकट के रेट

नई दिल्ली । हवाई यात्रा करने वाले यात्रीगण कृपया ध्यान दें । असल में सरकार द्वारा कोरोना काल के दौरान घरेलू उड़ान (डोमेस्टिक फ्लाइट ) के किराये पर जो लोवर और अपर कैपिंग की गई थी , वह बुधवार 31 अगस्त 2022 से खत्म हो गई है । यानि अब घरेलू उड़ान के लिए हवाई किराया तय करने का अधिकार घरेलू एयरलाइंस कंपनियों को मिल गया है । बीते 27 महीने से सरकार की कैपिंग की वजह से फ्लाइट के किराये तय हो रहे थे , लेकिन अब एयरलाइंस खुद अपनी फ्लाइट के हवाई किराये निर्धारित करेंगे , जैसा वह कोरोना काल से पहले किया करते थे । 

बता दें कि नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने इसी महीने के दूसरे हफ्ते में इस फैसले की जानकारी देते हुए कहा था कि घरेलू विमान ऑपरेशन और हवाई सफर के लिए यात्रियों की मांग के स्टेटस की समीक्षा के बाद ये फैसला लिया गया है कि घरेलू हवाई यात्रा के लिए एयर फेयर बैंड को 31 अगस्त 2022 से खत्म कर दिया जाएगा । 


असल में देश में कोरोना की एंट्री होने के साथ ही मार्च 2020 में देश से हवाई यात्रा सेवा बंद कर दी थी । 25 मई, 2020 से जब घरेलू उड़ान की शुरुआत हुई तो केवल 33 फीसदी उड़ानों के साथ उड़ानों की सरकार ने इजाजत दी और हवाई किराये का लोअर और अपर लिमिट तय करने की शुरुआत हुई थी । 

इसके तहत 40 मिनट की फ्लाइट के लिए एयरलाइंस 2900 रुपये से कम और 8800 रुपये से ज्यादा चार्ज नहीं कर सकती थीं । इसपर जीएसटी अलग से देना पड़ता था ।  लोअर बैंड एयरलाइंस को प्रोटेक्ट करने के लिए और अपर बैंड यात्रियों की सहूलियतों के लिए लागू किया गया था , अब 27 महीने बाद सरकार ने इस सिस्टम को वापस ले लिया है। 

Todays Beets: