Friday, September 20, 2019

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उत्तरकाशी स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट से शर्मसार, 3 माह में जन्मे 216 नवजात में से एक भी बच्ची नहीं , व्यापक भ्रूण हत्या की आशंका 

अंग्वाल संवाददाता
उत्तरकाशी स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट से शर्मसार, 3 माह में जन्मे 216 नवजात में से एक भी बच्ची नहीं , व्यापक भ्रूण हत्या की आशंका 

उत्तरकाशी । जहां सोमवार को देश में चंद्रयान -2 की सफलता को लेकर चर्चाएं होती रहीं , वहीं उत्तराकाशी में लिंग भेद को लेकर एक रिपोर्ट ने देशभर में जिले को शर्मसार कर दिया। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक , उत्तरकाशी के 6 ब्लाक के 133 गांवों में पिछले 3 माह में 216 बच्चों का जन्म हुआ , लेकिन इस सब के बीच चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें से एक भी बच्ची नहीं है । पैदा हुए सभी बच्चे हैं । जहां केंद्र की मोदी सरकार बेटी बचाओं बेटी पढ़ाओं का अभियान चला रही हैं, वहीं राज्य में भी भाजपा की ही सरकार है और बेटी बचाओं बेटी पढ़ाओं अभियान राज्य में भी काफी सफलता से चलाए जाने के दावे किए जा रहे हैं। ऐसे में इस रिपोर्ट ने शासन और प्रशासन दोनों को चौंका दिया है । 

बता दें कि हाल में स्वास्थ्य विभाग के कुछ आंकड़े जारी किए थे, जिनका अध्ययन करने पर सामने आया है कि उत्तरकाशी में पिछले तीन महीनों के दौरान पैदा हुए 216 नवजातों में से सभी बच्चे हैं, इनमें से एक गांव में भी किसी जज्जा ने एक बच्ची को जन्म नहीं दिया है । स्वास्थ्य विभाग की यह रिपोर्ट सभी 6 ब्लाक में लिंगभेद की ओर इशारे कर रही है । इस रिपोर्ट आने के बाद कहा जा रहा है कि जिले में भ्रूणहत्या अपने चरम पर है, जिसकी पुष्टि विभाग के आंकड़े कर रहे हैं। आंकड़ों की नजर में...

-जिले के 6 ब्लाक के 216 गांवों की रिपोर्ट में आए हैं चौंकाने वाले तथ्य

- डूंडा ब्लाक के  27 गांव में 49 बच्चों ने जन्म लिया , एक भी बच्ची का जन्म नहीं हुआ

-इसी क्रम में नौगांव ब्लॉक के 28 गांवों में 45 बच्चों का जन्म हुआ , एक भी बच्ची नहीं

- भटवारी ब्लॉक के 27 गांव में 51 बच्चों का जन्म , एक भी बच्ची नहीं

- मौरी ब्लॉक के 20 गांवों में 29 बच्चों का जन्म , बच्ची शून्य 


-चिन्यालीसौंड़ ब्लॉक के 16 गांवों में 23 बच्चों ने जन्म लिया , बच्ची एक भी नहीं 

- अन्त में पुरौला ब्लॉक के 14 गांवों में 17 बच्चों ने जन्म लिया , यहां भी एक भी बच्ची का जन्म  नहीं हुआ , जिसके चलते इन आंकड़ों ने शासन प्रशासन को हिला दिया है । 

सीएम बोले...मामले की जांच करवाई जाएगी

वहीं इस मामले की रिपोर्ट सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत तक भी पहुंच गई है । जब उनसे इस संबंध में सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा कि अगर इस सब के भी लिंगभेद का मामला हुआ तो सही में इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जाएगी और अगर यह सामान्य हुआ तो इस बात की भी जांच करवाई जाएगी कि आखिर ऐसा क्यों हो रहा है । हमारी नजर भी अब जिले के लिंगानुपात पर रहेगी ।  

जिलाधिकारी बोले - जांच के आदेश मिले

वहीं इस मामले को लेकर जिलाधिकारी डॉक्टर आशीष चौहान ने कहा कि यह में आंकड़े चौंकाने वाले हैं। अमूमन ऐसा यहां नजर नहीं आता है लेकिन जिले में भ्रूणहत्या के चलते यह आंकड़े आए हैं तो सही में यह चिंता का विषय है । उन्होंने बताया कि शासन की ओर से इस मामले की जांच के आदेश आ गए हैं । 

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