Friday, July 10, 2020

Breaking News

   राजस्थान सरकार का प्राइवेट स्कूलों को आदेश- स्कूल खुलने तक फीस न लें     ||   गुजरात सरकार में मंत्री रमन पाटकर कोरोना वायरस से संक्रमित     ||   विकास दुबे पर पुलिस की नाकामी से भड़के योगी, खुद रख रहे ऑपरेशन पर नजर!     ||   विकास दुबे का बॉडीगार्ड था एनकाउंटर में ढेर अमर दुबे, 29 जून को ही हुई थी शादी     ||   सरकार की लिस्ट में अब 'आवश्यक' नहीं रहे मास्क और सैनिटाइजर     ||   उत्तराखंड: कोरोना के 46 नए मामले, कुल पॉजिटिव केस हुए 1199     ||   माले: ऑपरेशन समुद्र सेतु के तहत आईएनएस जलश्व से मालदीव में फंसे 700 भारतीय लाए जा रहे वापस     ||   बिहार: ADG लॉ एंड ऑर्डर ने जताई आशंका, प्रवासियों के आने से बढ़ सकता है अपराध     ||   दिल्ली: बीजेपी के नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष आदेश गुप्ता ने संभाला अपना पदभार     ||   भोपाल की बडी झील में पलटी आईपीएस अधिकारियों की नाव, कोई जनहानी नहीं    ||

पिथौरागढ़ के भूदृश्य को यूनेस्को ने विश्व धरोहरों की अनन्तिम सूची में शामिल किया , CM बोले-पर्यटन का मुख्य केंद्र बनाने में मिलेगी मदद

अंग्वाल न्यूज डेस्क
पिथौरागढ़ के भूदृश्य को यूनेस्को ने विश्व धरोहरों की अनन्तिम सूची में शामिल किया , CM बोले-पर्यटन का मुख्य केंद्र बनाने में मिलेगी मदद

देहरादून । उत्तराखण्ड (uttarakhand) के पिथौरागढ़  (pithoragarh) जिले में स्थित भूदृश्य को यूनेस्को ( UNESCO) द्वारा भारतीय विश्व धरोहरों की अनन्तिम सूची में शामिल किया गया है। इस पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत (Trivender Singh Rawat) ने कहा कि यदि यह क्षेत्र यूनेस्को की विश्व धरोहर के रूप में शामिल होता है, तो इससे देश व दुनिया में पर्यटन के क्षेत्र में भी उत्तराखण्ड को विशेष पहचान मिलेगी। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि जब कोई क्षेत्र विश्व धरोहर के रूप में विकसित होता है तो ऐसे क्षेत्रों को पर्यटन एवं सांस्कृतिक विरासत के प्रमुख केंद्र बनने में मदद मिलती है।

उत्तराखंड आने -जाने वाले सावधान! , बारिश - भूस्खलन के बीच मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों के लिए जारी किया ऑरेंज अलर्ट

बता दें कि गुरुवार को सचिवालय में मुख्यमंत्री रावत से भारतीय वन्यजीव संस्थान के निदेशक डॉ. विनोद बी माथुर ने मुलाकात की । उन्होंने मुख्यमंत्री को बताया कि सांस्कृतिक, पारिस्थितिकीय एवं ऐतिहासिक महत्व वाले पिथौरागढ़ जनपद में स्थित भूदृश्य क्षेत्र को  प्राकृतिक विशेषताओं के कारण विश्व धरोहर में शामिल होने की अच्छी संभावनाएं हैं। उन्होंने बताया कि 2016 में भारतीय वन्यजीव संस्थान देहरादून (Dehradun) में स्थित एशिया व प्रशांत क्षेत्र के लिए विश्व प्राकृतिक धरोहर प्रबंधन व प्रशिक्षण हेतु यूनेस्को श्रेणी 2 केन्द्र, कैलाश भूदृश्य को विश्व धरोहर स्थल के रूप में नामांकन कराये जाने की प्रक्रिया से जुड़ा है।

उत्तराखंड सरकार ने गिराई भ्रष्ट - कामचोर कर्मचारियों पर गाज , ऐसे अफसर- कर्मी होंगे अनिवार्य सेवानिवृत्त


विदित हो , पिथौरागढ़ जनपद में स्थित भूदृश्य को ‘‘पवित्र पर्वतीय भूदृश्य और विरासत मार्ग’’ के नामांकन का प्रस्ताव यूनेस्को को गया था। जिसे यूनेस्को के हेरिटेज केन्द्र, पेरिस द्वारा स्वीकार करते हुए भारतीय विश्व धरोहरों की अनन्तिम सूची में जोड़ा गया है। सीएम रावत ने  इस सम्बन्ध में कहा कि अब वन, पर्यटन व संस्कृति विभाग को भी भारतीय वन्य जीव संस्थान के साथ आपसी समन्वय बनाते हुए इससे सम्बन्धित प्रक्रियाओं को आगे बढ़ाने में सहयोगी बनाया जाएगा। इसके लिए संस्कृति विभाग को नोडल विभाग नामित करने के भी उन्होंने निर्देश दिए।

टिहरी झील में सी-प्लेन के लिए किया गया एमओयू , पिथौरागढ़ में बनेगा देश का सबसे बड़ा ट्यूलिप गार्डन

 

 

Todays Beets: