Tuesday, September 25, 2018

Breaking News

   ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के पूर्व जीएम के ठिकानों पर आयकर के छापे     ||   बिहार: पूर्व मंत्री मदन मोहन झा बनाए गए प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष। सांसद अखिलेश सिंह बनाए गए अभियान समिति के अध्यक्ष। कौकब कादिरी समेत चार बनाए गए कार्यकारी अध्यक्ष।     ||   कर्नाटक के मंत्री शिवकुमार के खिलाफ ED ने मनी लॉन्ड्रिंग का केस दर्ज किया    ||   सीतापुर में श्रद्धालुओें से भरी बस खाई में पलटी 26 घायल, 5 की हालत गंभीर     ||   मंगल ग्रह पर आशियाना बनाएगा इंसान, वैज्ञानिकों को मिली पानी की सबसे बड़ी झील     ||   भाजपा नेता का अटपटा ज्ञान, 'मृत्युशैया पर हुमायूं ने बाबर से कहा था, गायों का सम्मान करो'     ||   आज से एक हुए IDEA-वोडाफोन! अब बनेगी देश की सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनी     ||   गोवा में बड़ी संख्‍या में लोग बीफ खाते हैं, आप उन्‍हें नहीं रोक सकते: बीजेपी विधायक     ||   चीन फिर चल रहा 'चाल', डोकलाम में चुपचाप फिर शुरू कीं गतिविधियां : अमेरिकी अधिकारी     ||   नीरव मोदी, चोकसी के खिलाफ बड़ा एक्शन, 25-26 सितंबर को कोर्ट में पेश होने के आदेश     ||

डोईवाला शुगर मिल घोटाले में पुलिस को मिली कामयाबी, तोल इंचार्ज को किया गिरफ्तार

अंग्वाल न्यूज डेस्क
डोईवाला शुगर मिल घोटाले में पुलिस को मिली कामयाबी, तोल इंचार्ज को किया गिरफ्तार

देहरादून। देहरादून के डोईवाला में गन्ना किसानों के साथ हुए लाखों रुपये के घोटाले के मामले में पुलिस ने घोटाले से जुड़े सेंटर के तोल इंचार्ज को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी से पूछताछ करने के बाद पुलिस ने उसे कोर्ट में पेश किया। एसएसपी निवेदिता कुकरेती ने बताया कि घोटाले में फरार यह आरोपी हरवीर सिंह मोहसनपुर, अलीगढ़ का रहने वाला है। पूछताछ में पता चला कि कर्ज चुकाने के लिए उसने घोटाला किया था।

ढाई हजार का इनाम

गौरतलब है कि एसएसपी ने बताया कि डोईवाला शुगर मिल के प्रबंधक बृजभूषण ने हरवीर सिंह समेत अन्य के खिलाफ पिछले साल 28 मार्च को मुकदमा दर्ज कराया था। बता दें कि इस मामले में दो आरोपियों को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है जबकि ढाई हजार रुपये का इनामी हरवीर सिंह फरार चला रहा था। इस घोटाले के एक आरोपी की मौत हो चुकी है। यहां बता दंे कि फरार हरवीर को पुलिस ने नेपाली फार्म मोड़ के पास से गिरफ्तार किया है। 

ये भी पढ़ें - भाजपा विधायक की बेटी की शादी के कार्ड पर छपा सरकारी ‘लोगो’, सोशल मीडिया पर लोगों ने पूछे सवाल


ऐसे की गई गड़बड़ी

एसएसपी निवेदिता कुकरेती ने बताया कि हरवीर ने गन्ना क्रय केंद्र धनौरी, जस्सोवाला और टांटवाला में किसानों के साथ धोखाधड़ी की। उसने किसानों को गन्ना तोलने के बाद उन्हें फर्जी तोल पर्ची थमा दी जबकि उनका गन्ना ऐसे लोगों के नाम पर चढ़ा दिया जो उनके खुद के आदमी थे। किसानों को हुए भुगतान का पैसा खुद ले लिया। जब मामला पुलिस में पहुंचा तो जांच में मिल के रिकॉर्ड रूम से 15 तौल बुकें गायब मिलीं। पुलिस जांच में सामने आया कि घोटाले के दौरान लंबे समय तक गन्ना इंस्पेक्टर, गन्ना तोल लिपिक की बदली नहीं की गई। ऐसे में मिल के कई अधिकारी भी सवालों के दायरे में हैं। गिरफ्तार के बाद हरवीर ने बताया कि उस पर गांव के साथ ही अन्य लोगों का करीब 70 लाख रुपये का कर्ज है जिसे चुकाने के लिए उसने यह घोटाला किया था।

 

Todays Beets: