Friday, May 25, 2018

Breaking News

   कानपुर जहरीली शराब मामले में 5अधिकारी निलंबित     ||   अब जल्द ही बिना नेटवर्क भी कर सकेंगे कॉल, बस Wi-Fi की होगी जरुरत     ||   मौलाना मदनी ने भी की एएमयू से जिन्‍ना की तस्‍वीर हटाने की वकालत     ||   भारत-चीन सेना के बीच हॉटलाइन की तैयारी, LoC पर तनाव होगा दूर     ||   कसौली में धारा 144 लागू, आरोपित पुलिस की गिरफ्त से बाहर     ||   स्कूली बच्चों पर पत्थरबाजी से भड़के उमर अब्दुल्ला, कहा- ये गुंडों जैसी हरकत     ||   थर्ड फ्रंट: ममता, कनिमोझी....और अब केसीआर की एसपी चीफ अखिलेश यादव के साथ बैठक     ||   मायावती का पलटवार, कहा- सत्ता के अहंकार में जनता को मूर्ख समझ रही BJP; शाह के गुरू मोदी ने गिराया पार्टी का स्तर     ||   चीन के स्‍पर्म बैंक ने रखी अनोखी शर्त, सिर्फ कम्‍युनिस्‍टों का समर्थन करने वाले ही दान कर सकेंगे स्‍पर्म     ||   CBSE पेपर लीक: हिमाचल से टीचर समेत 3 गिरफ्तार, पूछताछ में हो सकता है अहम खुलासा     ||

कांग्रेस शासन में विधानसभा में नियुक्त हुए 164 कर्मचारियों-अधिकारियों को हाईकोर्ट का नोटिस, 4 हफ्ते में मांगा जवाब

अंग्वाल न्यूज डेस्क
कांग्रेस शासन में विधानसभा में नियुक्त हुए 164 कर्मचारियों-अधिकारियों को हाईकोर्ट का नोटिस, 4 हफ्ते में मांगा जवाब

नैनीताल। उत्तराखंड विधानसभा में नौकरी पाने वाले 164 अधिकारियों और कर्मचारियों को हाईकोर्ट ने नोटिस जारी किया है। इसके साथ ही कोर्ट ने इन सभी को चार हफ्ते के अंदर कोर्ट में अपना जवाब दाखिल करने के आदेश दिए हैं। बता दें कि नैनीताल हाईकोर्ट की संयुक्त पीठ ने विधानसभा में हुई नियुक्तियों को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के बाद यह फैसला दिया है। अब इस मामले की अगली सुनवाई चार सप्ताह के बाद होगी।

नियुक्ति को निरस्त करने की मांग

गौरतलब है कि साल 2016 में विधानसभा में नियुक्ति पाने वाले इन कर्मचारियों को चपरासी से लेकर निजी सचिव और अपर सचिव पद तक तैनाती दी गई है। बागेश्वर जिले के रहने वाले राजेश चंदोला और अन्य लोगों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर कहा था कि इन सभी लोगों को गुपचुप तरीके से नियुक्ति दी गई है और इसमें मानकों की जमकर धज्जियां उड़ाई गईं। आपको बता दें कि इस जनहित याचिका में नियुक्ति प्रक्रिया की जांच और नियुक्तियों को निरस्त करने की मांग की गई है। 

ये भी पढ़ें - उत्तरकाशी में लग रहा प्रवासी पक्षियों का जमावड़ा, ईको टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा


कांग्रेस सरकार में भर्ती

यहां बता दें कि साल 2016 में उत्तराखंड विधानसभा में ये नियुक्तियां उस समय हुईं जब वहां कांग्रेस की सरकार थी और विधानसभा अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल थे। याचिका में आरोप लगाया गया है कि अधिकारियों और कर्मचारियों की नियुक्ति प्रक्रिया में विधानसभा की नियमावली का भी उल्लंघन किया गया है।

Todays Beets: