Wednesday, February 21, 2018

Breaking News

   98 साल की उम्र में MA करने वाले राज कुमार का संदेश, कहा-हमेशा कोशिश करते रहें     ||   मुंबई स्टॉक एक्सचेंज ने पार किया 34000 का आंकड़ा, ऑफिस में जश्न का माहौल     ||   पं. बंगाल: मालदा से 2 लाख रुपये के फर्जी नोट बरामद, एक गिरफ्तार    ||   सेक्स रैकेट का भंड़ाभोड़: दिल्ली की लेडी डॉन सोनू पंजाबन अरेस्ट    ||   रूपाणी कैबिनेट: पाटीदारों का दबदबा, 1 महिला को भी मंत्रिमंडल में मिली जगह    ||   पशु तस्करों और पुलिस में मुठभेड़, जवाबी गोलीबारी में एक मरा, घायल गायें बरामद    ||   RTI में खुलासा- भगत सिंह-राजगुरु-सुखदेव को अब तक नहीं मिला शहीद का दर्जा, सरकारी किताब में बताया गया 'आतंकी'     ||    गुजरात चुनाव: रैली में बोले BJP नेता- दाढ़ी-टोपी वालों को कम करना पड़ेगा, डराने आया हूं ताकि वो आंख न उठा सकें    ||   मध्य प्रदेश: बाबरी विध्वंस पर जुलूस निकाल रहे विहिप-बजरंग दल कार्यकर्ता पर पथराव, भड़क गई हिंसा    ||   बैंक अकाउंट को आधार से जोड़ने की तारीख बढ़ी, जानिए क्या है नई तारीख    ||

अलगाववादी नेताओं को NIA कोर्ट ने 10 दिन की हिरासत पर भेजा

अंग्वाल संवाददाता
अलगाववादी नेताओं को NIA कोर्ट ने 10 दिन की हिरासत पर भेजा

नई दिल्ली। टेरर फंडिग के आरोप में गिरफ्तार हुर्रियत कॉन्फ्रेंस के नेताओं को शुक्रवार दोपहर एनआईए की विशेष अदालत में पेश किया गया। इस दौरान एनआईए ने आरोपियों से पूछताछ के लिए उनकी रिमांड की मांग नहीं की थी, जिसके चलते कोर्ट ने हुर्रियत नेता एसएएस गिलानी के दामाद समेत चार कश्मीरी अलगाववादियों को एक बार फिर 10 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। इसके साथ ही कोर्ट ने गिरफ्तार अन्य अलगाववादियों को एक माह के लिए न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

यह भी पढ़े- हुर्रियत के अलागगवादी नेताओं को दिल्ली में नहीं मिल रहे वकील, गिलानी समेत अन्य नेताओं से भी होगी पूछताछ

आरोपियों की हुई कोर्ट में पेशी

पाकिस्तान से पैसे लेकर कश्मीर घाटी में हिंसा फैलाने के आरोप में हुर्रियत के अलगाववादियों नेताओं को राष्ट्रीय जांच एंजेसी ने हिरासत में लिया था। इन पर आरोप लगाया है कि यह घाटी में हिंसक गतिविधियों को बढ़ावा देते हैं। इसके लिए इन्हें पाकिस्तान की तरफ से मोटी रकम दी जाती है। कोर्ट ने शुक्रवार को एनआईए की विशेष अदालत में जस्टिस ओ.पी सैनी के सामने पेश किया। यहां से कोर्ट ने उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

यह भी पढ़े- अमेरिका ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत की स्थाई सदस्यता के समर्थन की पुष्टि की

हुर्रियत नेताओं को नहीं मिल रहें वकील


हुर्रियत के नेताओं की गिरफ्तारी के बाद से एक बात ओर उजागर हुई जिसमें उनके मामलें को कोर्ट मे पेश करने के लिए उनकी ओर कोई वकील तैयार नहीं हो रहा था।ऐसे में हुर्रियत उन वकीलों से बातचीत के प्रयास कर रहा है जो कहीं न कहीं अलगाववादी नेताओं के पक्ष में बयान देते रहें हैं।

 

 

 

 

 

Todays Beets: