Thursday, June 27, 2019

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धुंध, धुआँ और कोहरे ने हिला दिया दिल्ली एनसीआर को, पंजाब में जलती पुवाल से और जहरीली हो गई हवाएं

अंग्वाल न्यूज डेस्क
धुंध, धुआँ और कोहरे ने हिला दिया दिल्ली एनसीआर को, पंजाब में जलती पुवाल से और जहरीली हो गई हवाएं

-डॉ. दिनेश समुझ

(एचओडी, फीजियोथैरपी, मेट्रो गुप्र ऑफ हॉस्पिटल)

दिल्ली-एनसीआर में मौसम को लेकर हाई अलर्ट घोषित कर दिया जाए तो कोई बड़ी बात नहीं। इस मौसम में होने वाली धुंध, वाहनों से निकलने वाला धुंआ और कोहरे की दस्तक के साथ दीपावली में पटाखों से निकलने वाले जहरीले कणों ने लोगों के लिए हवा को इन दिनों कई गुना ज्यादा जहरीला बना दिया है। इसी में तड़का लगाने का काम किया है पंजाब में जलाई जा रही पुवाल ने, जिससे निकलने वाला धुआं  दिल्ली-एनसीआर के लोगों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है। असल में वाहनों से निकलने वाले कण भारी होते हैं जो हमारे वातावरण के निचले स्तर पर मौजूद रहते हैं। हाल में दीपावली के दौरान लोगों द्वारा जलाए गए पटाखों के धुंए ने खतरा और बढ़ा दिया है। खतरनाक स्तर पर पहुंचे इस वातावरण पर बदलते मौसम की मार और पड़ रही है। इसका खमियाजा भुगतना पड़ा गुरुवार सुबह यमुना एक्सप्रेस वे से गुजरने वाले 20 वाहनों को, जो इस धुंध और धुएं के चलते आपस में टकरा गए। इस घटना में कई लोग घायल होकर अस्पताल पहुंचे। 

भले ही गुरुवार को एक याचिका पर सुनवाई करते हुए नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने इस प्रदूषित वातावरण को लेकर दिल्ली सरकार से सवाल पूछे हों लेकिन इस खराब हुए वातावरण की जिम्मेदरी किसकी बनती है...इसका जवाब देने में सब थोड़ा झिझकेंगे...। हाल में नासा ने एक रिपोर्ट जारी कर चेताया कि पंजाब के खेतों में जलाई जा रही पुवाल वातावरण को बेहद नुकसान पहुंचाने वाली है। इसको लेकर कई रिपोर्ट समय-समय पर छपती रहती हैं लेकिन कोई ठोस कानून बनाकर उसे लागू किया जाए तो बात बनें। शासन-प्रशासन की उदासीनता हर साल इस समस्या के लिए जिम्मेदार साबित होती है और बिना कोई ठोस नीति बनें हर बार इसे अगले साल तक के लिए टाल दिया जाता है। यह सब तब होता है तब इस गंभीर संकट के लिए कानून बनाया गया है। 

बहरहाल, इस समस्या का सबसे ज्यादा असल दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर भारत के कई शहरों में हो रहा है। मौसम विभाग ने अगले 4 दिनों तक लोगों को बेवजह घर से बाहर न निकलने की सलाह दे डाली है। हवा की गति धीमी होने के चलते और वातावरण में प्रदूषण की मात्रा बेहद खतरनाक स्थिति पर पहुंचने के चलते ये धुंआ हमारे वातावरण में ही गैस चेंबर बनकर घूम रहा है। इतना ही नहीं हमारी सांसों के जरिए हमारे शरीर में पहुंच रहा है। ऐसे में लोगों को सलाह यही होगी कि इन बातों का ध्यान रखें।


1-सुबह के समय अगर सैर पर जा रहे हैं तो कुछ दिन इसे टाल दें। प्रदूषण में मौजूद ये जहरीले कण आपकी सेहत को बिगाड़ सकते हैं।

2-अगर आप किसी भी प्रकार की सांस संबंधी बीमारी से पीड़ित हैं तो बेहतर होगा अगले कुछ दिन खुले पार्कों और सड़कों पर घूमने से बचें।

3-इस मौसम में छोटे बच्चे और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें। जहरीला धुआँ सांस के जरिए इनके शरीर में प्रवेश करेगा और कई तरह के इंफेक्शन और बीमारियों से ग्रसित कर सकता है।

4-बेहतर होगा इन दिनों पानी ज्यादा से ज्यादा मात्रा में पिएं। इसके जरिए आप अपने शरीर से विषैले तत्वों को बाहर निकाल सकते हैं। 

5-अगर आप अपने घर के किसी कौने में सांस से संबंधित कुछ व्यायाम करें तो बेहतर होगा, इससे आप आने वाले संकटों से दूरी बना सकते हैं।

6-अंत में सबसे अहम बात...अगर आप चलने फिरने या काम के दौरान अपनी सांस फूलने जैसी समस्या महसूस करें तो तुरंत काम छोड़कर घर पर आराम करें। लापरवाही न बरतें। 

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